SSC CGL Hindi Typing Test 23 - Atmanirbhar Bharat
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आत्मनिर्भर भारत का मुख्य सपना और उद्देश्य हमारे देश को आर्थिक, औद्योगिक, और तकनीकी रूप से पूरी तरह से सशक्त और मजबूत बनाना है। इसका सीधा सा मतलब है कि हमें अपनी जरूरत के ज्यादातर सामानों का उत्पादन अपने ही देश में करना चाहिए ताकि दूसरे देशों पर हमारी अत्यधिक निर्भरता को काफी हद तक कम किया जा सके। जब हम अपने देश में बने उत्पादों, जिन्हें 'लोकल' कहा जाता है, को अधिक से अधिक खरीदते हैं और उन्हें बढ़ावा देते हैं, तो इससे हमारे देश के किसानों, छोटे कारीगरों, और लघु उद्योगों को बहुत बड़ा और सीधा फायदा पहुंचता है। मेक इन इंडिया और स्टार्टअप इंडिया जैसे शानदार अभियानों ने देश के युवाओं को नौकरी मांगने वाले के बजाय नौकरी देने वाला बनने के लिए बहुत ही मजबूती से प्रेरित किया है। आज भारत मोबाइल फोन बनाने से लेकर रक्षा उपकरणों और अंतरिक्ष तकनीक तक, हर बड़े क्षेत्र में तेजी से आत्मनिर्भरता की ओर बहुत मजबूती से कदम बढ़ा रहा है। स्वदेशी सामान खरीदने से देश का पैसा देश में ही रहता है, जिससे हमारी अर्थव्यवस्था और भी अधिक मजबूत होती है। हालांकि, आत्मनिर्भर बनने का मतलब दुनिया से पूरी तरह अलग-थलग होना बिल्कुल भी नहीं है, बल्कि इसका सही अर्थ वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में भारत की भूमिका को और भी अधिक मजबूत और प्रभावशाली बनाना है। हर नागरिक का यह कर्तव्य है कि वह स्वदेशी उत्पादों को प्राथमिकता दे।